कॉर्बेट पार्क में पर्यटकों की उमड़ी भीड़, ढिकाला जोन अगले साल तक फुल बुकिंग..
उत्तराखंड: विश्व प्रसिद्ध जिम कॉर्बेट नेशनल पार्क में इस सीजन पर्यटकों का अभूतपूर्व उत्साह देखने को मिल रहा है। सिर्फ देश ही नहीं बल्कि बड़ी संख्या में विदेशी सैलानी भी जंगल सफारी का आनंद लेने उत्तराखंड पहुंच रहे हैं। लगातार बढ़ रही बुकिंग के चलते पार्क प्रशासन को अभी तक 12 करोड़ रुपये से अधिक का राजस्व प्राप्त हो चुका है, जो इस सीजन का बड़ा रिकॉर्ड माना जा रहा है। सूत्रों के अनुसार पार्क के बिजरानी, ढेला, झिरना और ढिकाला जैसे लोकप्रिय जोनों में पर्यटन चरम पर है। सभी जोनों में पर्यटकों की भीड़ लगातार बढ़ रही है, जबकि सबसे लोकप्रिय ढिकाला जोन विदेशी पर्यटकों की भारी मांग के कारण जनवरी 2026 तक पूरी तरह पैक हो चुका है। इससे आने वाले महीनों में भी राजस्व और पर्यटकों की संख्या में और वृद्धि होने की संभावना जताई जा रही है। पार्क प्रशासन का कहना है कि इस बार पर्यटन सीजन बेहद सकारात्मक रहा है। बढ़ी हुई बुकिंग से न केवल स्थानीय अर्थव्यवस्था को फायदा मिल रहा है, बल्कि होटल कारोबार, गाइड और सफारी ऑपरेटरों की आय में भी उल्लेखनीय बढ़ोतरी हुई है। विशेषज्ञों का मानना है कि प्राकृतिक सुंदरता, वन्यजीवों की विविधता और पर्यटन व्यवस्थाओं में लगातार सुधार ने कॉर्बेट पार्क को दुनियाभर के टूरिस्टों की पहली पसंद बना दिया है। आने वाले महीनों में पार्क में पर्यटकों का और अधिक दबाव देखने की उम्मीद की जा रही है।
2 लाख 15 हजार से अधिक पर्यटक पहुंचे जिम कॉर्बेट नेशनल पार्क..
जिम कॉर्बेट नेशनल पार्क में इस वर्ष पर्यटन नए कीर्तिमान स्थापित कर रहा है। पार्क प्रशासन के अनुसार अब तक 2 लाख 15 हजार से अधिक पर्यटक कॉर्बेट की खूबसूरती का आनंद ले चुके हैं, जिनमें 3500 से ज्यादा विदेशी सैलानी शामिल हैं। यह आंकड़ा पर्यटन सीजन की शुरुआती अवधि में ही बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। उपनिदेशक राहुल मिश्रा ने बताया कि कॉर्बेट पार्क देश और दुनिया के पर्यटकों के लिए लगातार आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। शांत जंगल, प्राकृतिक सौंदर्य, दुनिया भर में मशहूर टाइगर हब और बाघों का सख्त संरक्षण ये सभी कारण मिलकर कॉर्बेट को एवरेस्ट-स्तर की लोकप्रियता दिला रहे हैं।
उन्होंने कहा कि पर्यटन सुविधाओं में लगातार सुधार, बेहतर सुरक्षा व्यवस्था और ऑनलाइन बुकिंग सिस्टम के कारण पर्यटकों की आवाजाही में काफी बढ़ोतरी हुई है। बिजरानी, ढिकाला, ढेला और झिरना सभी जोनों में भारी भीड़ के चलते कई तारीखें महीनों पहले ही फुल हो चुकी हैं। खासतौर पर ढिकाला जोन में तो जनवरी 2026 तक बुकिंग फुल हो जाना पार्क की वैश्विक पहचान का बड़ा प्रमाण है। पार्क प्रशासन का कहना है कि जैसे-जैसे पर्यटन सीजन और आगे बढ़ेगा, आने वालों की संख्या और अधिक बढ़ सकती है तथा इस साल नए रिकॉर्ड बनने लगभग तय हैं। बढ़ी हुई पर्यटन गतिविधियों से आसपास के होटलों, गाइडों, वाहन मालिकों और स्थानीय व्यवसायों को भी भारी आर्थिक लाभ हो रहा है। कॉर्बेट नेशनल पार्क अपनी जैव विविधता, संरक्षित वन्यजीवों और अनोखी प्राकृतिक शांति के कारण विश्वभर के नेचर लवर्स को लगातार अपनी ओर आकर्षित कर रहा है। आने वाले महीनों में यह संख्या और अधिक तेजी से बढ़ने की उम्मीद है।

